Friday, August 21, 2026
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कब्रस्थान के लिए भूमि आवंटित करने की मांग को लेकर 7 अक्टूबर को ईसाई समाज द्वारा आक्रोश मोर्चा का आयोजन

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डॉ. मार्टीन अजीम और एड अश्विन पॉलिकर ने पत्र परिषद में दी जानकारी।

मूल ( मेहुल मनियार )
गत 40 वर्षो से ईसाई समाज के कब्रस्थान हेतु भूमि आवंटित करने के बारे में लगातार मांग होने बावजूद अब तक प्रशासन द्वारा ध्यान नहीं दिया गया,अमूमन आगामी 7 अक्टूबर को तहसील कार्यालय पर कफन विधि पेटी के साथ आक्रोश मोर्चा का आयोजन किए जाने की बात सेंट स्टीफन चर्च के सचिव डॉ. मार्टीन अजीम और एड. अश्विन पॉलिकार ने पत्रपरिषद मे कही।

दरअसल,ईसाई समाज द्वारा स्थानीय चर्च में पत्र परिषद का आयोजन किया गया था। कहा गया कि,1986 से पत्र व्यवहार तथा बार-बार मांग करने पर भी प्रशासन द्वारा मांग पुरी करने में अनदेखी की गई है। बताया गया कि 1986 में उप विभागीय अधिकारी के पत्र द्वारा भूमापन क्रमांक 443 की भूमि ईसाई समाज के कब्रिस्तान को मंजूर की गई। लेकिन उस भूमि पर नागरिकों का अतिक्रमण होने से समाज को वह भूमि नहीं मिली। बताया गया कि, भूमापन क्रमांक 282 तथा उसी प्रकार रामपुर तुकुम मे भूमापन क्रमांक 15 की भूमी के बारे में भी मांग की गई, लेकिन हर वक्त की तरह इस बार भी अनदेखी की भूमिका रही। पत्र परिषद में विशेष रूप से बताया गया कि 9 सितंबर 2024 को ईसाई समाज की महिला का निधन हुआ। उसे दफनाने के बारे मे बडी समस्या बनी थीं, अंततः चंद्रपूर में दफनाया गया। इस संबंध में भी उप विभागीय अधिकारी को पत्र दिया था। लेकिन इस बारे में भी किसी भी प्रकार का विचार हुआ नहीं।

बताया गया कि,ईसाई समाज द्वारा हर वर्ष 2 नवंबर को सामुहिक प्रार्थना करने की परंपरा है, लेकिन किस स्थान पर प्रार्थना करें, ऐसी समस्या उनके समक्ष बनी रहती है। ईसाई समाज के कब्रिस्तान के लिए भूमि आवंटित की जाएगी ऐसा बार-बार कहा गया है, लेकिन अब तक ईसाई समाज की भावनाओं से खिलवाड़ किया जा रहा है।पत्र परिषद में नगर परिषद प्रशासन के अनदेखी की भूमिका बारे में बताते हुए कहा की, नगर परिषद ने अब तक जितने भी पुरस्कार हासिल किए है, वह पुरस्कार लौटाए जाए, क्योंकि किसी समाज की मांगे पूरी करने में तो नगर प्रशासन असमर्थ नजर आ रहा है,ऐसे में यह पुरस्कार व्यर्थ है।
इस पत्र परिषद में अनिल मोजेस ,प्रवीण तिरणकर, नंदकिशोर कावले, हरिदास मेश्राम, कोमलदास मानिकपुरी,राकेश शेंडे ,दिलीप वराते ,वसंत खोबरागड़े, उमेश शिंदेकर, अशोक टिंगूसले आदि उपस्थित थे।

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Mehul Chandrakant Maniyar
90396656609039665660
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